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सॉफ्टवेयर के प्रकार – Software कितने प्रकार के होते हैं? जानिये पूरी जानकारी हिंदी में

Software Ke Prakar – सॉफ्टवेयर कितने प्रकार के होते हैं? आज के समय में हर किसी के पास एक स्मार्टफोन जरूर है जिसे हम आप अपने दैनिक जीवन में उस मोबाइल से मनोरंजन करते हैं किसी दूर स्थित इंसान से आसानी से बात करते हैं और इन सब के अलावा हम उस SmartPhone से पैसे भी कमा सकते हैं। हालांकि दोस्तों कभी न कभी आपके मन में यह सवाल जरूर आया होगा कि आखिर ये मोबाइल फ़ोन और कंप्यूटर कैसे चलते हैं।

Software Ke Prakar - सॉफ्टवेयर कितने प्रकार के होते हैं

तो आप सभी को बता दे कि जो Mobile Phone और Computer होते हैं वे सब सॉफ्टवेयर के माध्यम से चलते हैं. जी हाँ दोस्तो यह बिलकुल सच है कोई भी स्मार्ट फ़ोन, कम्यूटर लैपटॉप सॉफ्टवेयर के बिना चलाया नहीं जा सकता है। इसलिए आप इस बात को अच्छे से समझ लीजिये कि Software के बगैर कोई भी सेल फ़ोन, कंप्यूटर, लेपटॉप अधूरे हैं।

सॉफ्टवेयर क्या है इसे कैसे बनाते हैं इस बारे में पूरी जानकारी जानना चाहते हैं तो इस विषय में हमने एक अलग से पोस्ट लिखा है जिसे आप इस वेबसाइट के होम पेज पर जाकर के सर्च करोगे Software क्या है? एवं सॉफ्टवेयर कैसे बनाये तो आपको यह पोस्ट सबसे पहले ऊपर ही मिल जाएगी। परन्तु अगर आप इस तरीके से software kya hai इस पोस्ट तक नहीं पहुंच पा रहे हैं तो नीचे लिंक पर click करे.

Read more – Software क्या है? और Software कैसे बनाते हैं जानिए पूरी जानकारी <<click here

यदि आप Software के प्रकारो के बारे में जानना चाहते हैं कि ये कितने प्रकार के होते हैं तो इसके लिये आपको इस लेख को ध्यान से लास्ट तक पूरा पढ़ना होगा तभी आप को आसानी से समझ में आएगा। तो चलिये दोस्तो शुरू करते है और आगे बढ़ते हैं।

Software कितने प्रकार के होते हैं?

दोस्तों (Software Ke Prakar) सॉफ्टवेयर मुख्यता 2 प्रकार के होते हैं जिनके बारे में हमने नीचे विस्तार से बताया है।

  • Application Software
  • System Software

एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर (Application Software)

साथियो एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर ऐसे Software होते हैं जो यूजर्स के काम में आते हैं जिसे हम एक उदाहरण के तौर पर समझते हैं. जैसे की MS Word हो गया और Firefox हो गया Photoshop आदि बहुत सारे Applications Software हैं जिनका इस्तमाल हम आप करते हैं।

Application Software वह होते हैं जो Computer सिस्टम का इस्तमाल सिर्फ विशेष कार्यो को करने के लिए करते है या फिर कंप्यूटर के मूल संचालन से जुड़े सिस्टम से इंटरटेंमेंट कराता है।

आज के समय में कंप्यूटर से किये जाने वाले कार्यों में इन सॉफ्टवेयर के माध्यम से कई और भी अन्य ऐसे काम जुड़ गए हैं जिससे अलग अलग प्रकार के एप्लीकेशन सॉफ्टवेयर का निर्माण किया जा रहा है या बनाया जा रहा है।

तो दोस्तों इस प्रकार से Application Software का निर्माण किया जाता है जो कि Software का एक बेहतरीन प्रकार होता है तो अब इसके बाद आगे जानते हैं सॉफ्टवेयर का दूसरा प्रकार कोन सा है।

सिस्टम सॉफ्टवेयर (System Software)

System Software ऐसे सॉफ्टवेयर होते हैं जो सिस्टम के अन्दर कंप्यूटर में काम करता है उसे System Software कहते हैं उदाहरण के तौर पर समझने की कोशिश करते हैं. जैसे कि OS, Drive, Firmware आदि Software होते हैं।

सिस्टम सॉफ्टवेयर का मतलब होता है कंप्यूटर में होने वाले हार्डवर्क को मैनेज करता है उसे सिस्टम सॉफ्टवेयर कहते हैं System Software में एक Application Software चलाने के लिए बेहतरीन मंच प्रदान करने के लिए भी बनाया जाता है।

जैसे कि ऑपरेटिंग सिस्टम, डिवाइस ड्राइवर, यूटिलिटीज आदि तो दोस्तों अब आगे बात करते हैं और जानते हैं कि आप इस सॉफ्टवेयर को कैसे बना सकते है।

1. Find Your Interest

अपना इंटरेस्ट ढूंढे क्योंकि सॉफ्टवेयर बनाने के दो वैशिक टाइप होते हैं जिसमे पहला टाइप Application Development होता है और दूसरा System Development होता है.तो दोस्तों इसके लिए आपको सबसे पहले यह डिसीजन लेना होगा कि आपको कौन से टॉपिक का Software बनाना है।

2. Learn A Programming Language

सॉफ्टवेयर बनाने के लिए एक अच्छी प्रोग्रामिंग लैंग्वेज यानी भाषा को सीखें, क्योंकी कुछ भी नया करने के लिए या नया बनाने के लिए आइडियाज तो किसी भी इंसान के दिमाग में उत्पन्न हो सकते हैं लेकिन उन आइडिया को एक सॉफ्टवेयर डिजाइनर ही मूल रूप से ऑथोर्निटी दे सकता है।

अगर आप सिर्फ सॉफ्टवेयर की डिजाइन बनाने तक के लिए ही काम करना चाहते हैं तो इसके लिए आपको कॉडिंग सीखनी होगी जो कि आपको आती ही होगी अगर नहीं आती है तो इस बारे में हमने एक लेख लिखा है जिसका link नीचे है।

Read more – Coding क्या है? कोडिंग कैसे सीखे जानिए पूरी इन्फॉर्मेशन यहाँ से <<click here

3. Find Resources

Find Resources का मतलब है बुक्स सोर्स पूरा किताबों से भरा रहता है इसके अलावा भी ऐसे सोर्स हैं जैसे कि Amazon जैसी बड़ी कंपनी E-कॉमर्स पर आपको ढेरों किताबें मिल जाएगी।

तो अगर आपके पास अच्छी तरह से लिखी हुई प्रोग्रामिंग बुक है ताकि जब आप सॉफ्टवेयर बना रहे हो तो उस समय आप उसमें अपना इंट्रेस्ट ढूढ सके और अच्छे से कॉडिंग सीख सके.

दोस्तों किताबों के अलावा भी आपको इंटरनेट पर बहुत सारे पिन सोर्स मिल जाएंगे जहाँ से आप सॉफ्टवेयर बनाने के लिए सहायता ले सकते हैं जैसे कि –

  • Bento
  • W3 School
  • Code Academy
  • Udemy
  • Khan Academy
  • Udasity
  • Code.org

आदि इन वेबसाइट पर अपनी मन पसन्द की भाषा के लिए कैफ कोड खोजे और आसानी के साथ सीखें।

4. Work On Pet Projects

आप वर्क ऑन पेट प्रोजेक्ट्स पर कार्य कर सकते हो ताकि इससे पहले आप अपने प्रोग्रामिंग लैंग्वेज की असली दुनिया में जॉब्स पाने के लिए या फिर सॉफ्टवेयर बनाने के लिए एवं उन्हें लॉन्च करने के लिए तो आप अपने स्वयं के लिए इन प्रोजेक्ट पर कार्य करें।

प्रोग्रामिंग लैंग्वेज को इस्तमाल करके समस्या का समाधान निकलने के लिए आप अपने आप को एक चुनौती दे क्योंकि यह मौका आपकी स्किल को डेवलोप करने में आपकी मदद करेगा।

अगर हम आप लोगों को एक उदाहरण के तौर पर समझाएं तो, जैसे कि आप एक वीडियो गेम बना रहे हैं तो आप शुरुआत में सरल गेम्स पर ही काम करें और उनको सबसे अलग एवं मजेदार बनाने के लिए अपना ध्यान सिर्फ उसी पर एकत्रित करें जिससे कि आपके द्वारा बनाया गया एक छोटा सा भी गेम आपके नॉलेज को बढ़ाएगा जिससे आपका अनुभव भी बढ़ेगा।

5. Consider

एक अच्छा और बेहतर प्रोग्रामिंग सॉफ्टवेयर बनाएं जो यूजर के लिए उपयोगी हो और इंट्रेस्टेड हो तो आप सिर्फ उसी सॉफ्टवेयर की ओर ध्यान रखें जिस सॉफ्टवेयर के लिए आप काम कर रहे हो और हमेशा सोचते रहे कि कोई ऐसे भी तरीके हैं जो सॉफ्टवेयर का उपयोग करने में सरलता प्राप्त करें।

6. Make A Projects

यह एक वैशिक प्रोग्राम है जिसमें यह इंप्रेशन को हाईलाइट करता है और आप उससे कुछ अचीव कर सकते हो Make A Projects एक प्रोग्राम होता है जिसमें आपको सॉफ्टवेयर बनाने की डिजाइन बनानी पड़ती है।

जब तक आपको एक अच्छी डिजाइन नहीं मिल जाती है जो आपको अच्छी लगे तब तक आपको नोटिफाई करना चाहिए जैसे कि मैं यहाँ पर एक उदाहरण के तौर पर बताता हूँ. अगर आप एक करेंडी प्रोग्राम बना रहे हैं तो आपका प्रोग्रामिंग एक प्रोटो टेंडर होगा जिसमें आप अपने इवेंडिक प्रोग्राम को आसानी से जोड़ सकते है।

आपको इसमें दो बातों का विशेष रूप से ध्यान रखना होता है जिसमें पहला होता है कि जब आप सॉफ्टवेयर का Develoment कर रहे हो तो आपको उसमें इस चीज को बार बार बदलना चाहिए

क्योंकि दोस्तों आप जैसे जैसे ही अपनी प्रॉब्लम्स को सोल्ब करते जायेंगे वैसे वैसे ही आपको अपने Make A Projects में भी बदलाव करने होंगे और दूसरा यह है कि आपका Make A Projects बिल्कुल सेफ और सुंदर होना चाहिये यह बिल्कुल भी जरूरी नहीं है।

असल में आर्ट और डिजाइन उन अंतिम की चीजों में से होनी चाहिए जिन पर आप अपने Software के लिए कार्य कर रहे हो क्योंकि यूजर्स प्रोटोटेब की डिजाइन को नहीं देखता है बल्कि उसके सामने तो बस एक फाइनर सॉफ्टवेयर पहुंच जाता है।

तो दोस्तों यहाँ पर आपने जाना है कि (Software Ke Prakar) सॉफ्टवेयर कितने प्रकार के होते हैं और उसे कैसे बनाया जाता है तो अब आगे बात करते हैं कि सॉफ्टवेयर बनाने के लिए हमे कोन कोन सी लैंग्वेजो को सीखने की जरुरत है।

Read more – सॉफ्टवेयर इंजिनियर कैसे बने? इस बारे में पूरी जानकारी जाने यहाँ से <<click here

सॉफ्टवेयर बनाने के लिए कौन कौन सी भाषाएँ महत्वपूर्ण है

दोस्तो Software बनाने के लिए बहुत सारी प्रोग्रामिंग लैंग्वेज मौजूद हैं जिसमें से आप एक दो लैंग्वेज को बहुत ही आसानी के साथ सीख सकते हो तो मैं उन भाषाओं लैंग्वेज में से कुछ महत्वपूर्ण लैंग्वेज के बारे में बताने जा रहा हूँ जो इस प्रकार से हैं।

  1. CC-Language
  2. C++ Programming
  3. Java
  4. C# Programming
  5. Objective-C

सॉफ्टवेयर बनाने के लिए हमने यहाँ पर 5 महत्वपूर्ण लेंग्वेजो के बारे में बताया है आइये इन भाषाओ को नीचे विस्तार से समझते हैं।

1. CC-Language

CC-Language अभी भी इस्तमाल की जाने वाली पुरानी लैंग्वेजों में से एक महत्वपूर्ण भाषा है इस लेंग्वेज को बहुत ज्यादातर भाषाओं का आधार भी माना जाता है इस CC-Language का उपयोग Low Level के कामो को करने के लिये किया जाता है।

2. C++ Programming

यह भाषा C का Object Oriented Programming Language का एक बेहतरीन वर्जन है. दोस्तों इस पूरी दुनिया में इसी C++ Programming भाषा उपयोग किया जाता है जैसे कि Google Chrome, Mozilla Firefox, Photo Shop एवं IBM, Apple और Android, Microsoft आदि बड़े बड़े सॉफ्टवेयर इसी C++ Programming Language के द्वारा बनाएं गए हैं।

और हाँ दोस्तों यह भाषा वीडियो गेम्स बनाने के लिए भी बहुत ज्यादा महत्वपूर्ण होती है तभी तो आज के दौर में भी इस C++ Programming भाषा की बहुत ज्यादा डिमांड है। तो साथियो आप इस भाषा को भी सीख सकते हो।

3. Java

Java लेंग्वेज C++ Language का एक विकल्पिक रूप है जिसका इस्तमाल Portability की वजह से आसानी के साथ किया जाता है इसका उपयोग Business Software और वीडियोस गेम्स बनाने के लिये किया जाता है और बहुत सारे ऐसे भी लोग हैं जो इस Java भाषा को software बनाने के लिए बहुत ही जरूरी भाषा मानते हैं।

4. C# Programming

दोस्तों C# Programming एक Windows Based Language है जो Microsoft Company से N.net से Framework का हिस्सा होती है जिसमें Java और C++ एक दूसरे से जुड़े हुए हैं इसमे अगर आप Java Programming को सीखते हैं तो आप बहुत आसानी के साथ और बहुत ही जल्दी C# Programming को सीख सकते हैं।

5. Objective-C

ऑब्जेक्टिव-सी, C भाषा का सौतेला छोटा भाई है जिसे विशेष रूप से Apple Company के सिस्टम के लिए बनाया गया है इसमे लैपटॉप और आई पैड के लिए बहुत ही ज्यादा लोकप्रियता होती है. यह एक फ्री लाइजर के रूप में सीखने के लिए यह एक बहुत ही शानदार लैंग्वेज है।

Conclusion

हम आशा करते हैं कि इस लेख को पढ़ने के बाद आपको पता चल गया होगा की Software Ke Prakar सॉफ्टवेयर कितने प्रकार के होते हैं. अगर अभी भी आपका Software Ke Prakar से सम्बंधित कोई सवाल है तो उस बारे में हमे जरूर बताये हम आपके सवाल का जबाब देने की पूरी कोशिश करेंगे।

प्रिय दोस्तो मेरी हमेशा से यह कोशिश रही है कि इस Software Ke Prakar ब्लॉग पोस्ट को जितने भी लोग पड़ते हैं उनको बेहतर जानकारी मिले। यदि वास्तव में आप सभी को आज का यह लेख पसंद आया हो और इसमें कुछ सीखने को मिला हो तो इसे अपने सभी दोस्तों एवं रिश्तेदारों के साथ जरूर शेयर करे.

साथियो आज का यह पोस्ट केसा रहा इस बारे में हमे अपने विचार कमेंट सेक्सन में जरूर दे ताकि हम आपके विचारो से कुछ सीख सके और आपके लिये हमेशा ऐसी ही यूजफुल इंट्रस्टिंग इनफार्मेशन प्रोवाइड कराते रहे. धन्यवाद

Arvind Choudhary

नमस्कार दोस्तो, मैं Arvind Choudhary Hindilive.Net का Founder हूँ,अगर में अपनी पढाई की बात करू तो मैंने Graduate किया है। मुझे टेक्नोलॉजी से जुड़ा रहना बहुत पसंद है।

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